एकोऽहम्

अपवाद के सामान्य में बदलने का आशावाद

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यह रविवार, 29 अप्रेल की सुबह है। मैं इन्दौर में हूँ। एक बीमा अभिकर्ता साथी का फोन आया। एक अखबार का नाम और पन्ने का नम्बर बताते हुए कहा - ‘...
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.......मैं दो बाप की औलाद हो गया

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यह मंगलवार 24 अप्रेल की सुबह है। पौने दस बज रहे हैं। नरेन्द्रजी अभी-अभी गए हैं। उनकी दशा देखी नहीं जा रही थी। व्यापारी तो मझौले स्तर के ह...
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रॉकेट की यात्रा, बैलगाड़ी में बैठकर

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हम दोनों, पत्नी-पति के नाम पर डाक घर में पाँच आवर्ती जमा (आर. डी.) खाते  हैं। डाक घर की बचत योजनाओं के एजेण्ट मित्रों की मदद से ये खाते चल...
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भीड़ बन जाना ही हमारी प्रॉब्लम है सर!

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‘सर! मैं करीब-करीब पूरा इण्डिया घूम लिया हूँ। और मुझे कहीं ऐसा नहीं लगा जैसा आप पूछ रहे हो और सोच रहे हो।’ वसीम ने कहा तो मैं चौंक गया। ...
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बाबा, मुख्य मन्त्री और हम लोग याने हमाम के नंगे

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बाबाओं को राज्य मन्त्री का दर्जा देनेवाले मामले में किसकी असलियत सामने आई? बाबाओं की? सरकार की? या फिर हम, आम लोगों की? मुझे लग रहा है - ह...
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.............. राजा माँगे ईमानदार प्रजा

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विभिन्न देशों को, भारत सरकार द्वारा दिए उपहारों का ब्यौरा बताने से सरकार ने इंकार कर दिया है। कारण?  इससे उन देशों के साथ हमारे सम्बन्ध खर...
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वे आँखें परेशान करती हैं

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1977 का वह दिन और आज का दिन। उस चाँटे की आवाज कानों में जस की तस गूँज रही है और तपिश अभी भी गाल पर महसूस हो रही है। खास बात यह कि वह चाँटा...
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नया भारत पाने की कीमत केवल डी. रूपा ही चुकाए?

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मध्य प्रदेश के, वााणिज्यिक कर विभाग के पूर्व अतिरिक्त आयुक्त श्री शमशेर बहादुरजी सिंह (जिन्हें एस. बी. सिंह के नाम से ज्यादा जाना जाता है)...
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......हम नहीं, बेकवर्ड तो आप हो

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आज मुझे एक उलाहना मिला। इस उलाहने ने मेरे जाले झाड़ दिए।  मैं खुद को प्रगतिशील मानता, कहता हूँ और यथासम्भव तदनुसार ही व्यवहार करने की क...
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ये चमत्कारी प्रेरणा-पुंज

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(दिनांक 18 मार्च  2016 को मैंने यह आलेख, भारतीय जीवन बीमा निगम की गृह पत्रिका ‘योगक्षेम’ में प्रकाशनार्थ भेजा था। अब तक इस पर किसी निर्...
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विष्णु बैरागी
कुछ भी तो उल्लेखनीय नहीं। एक औसत आदमी जिसे अपने जैसे सड़कछापों की भीड़ में बड़ा आनन्द आता है। ‘मैं अपने घर का स्वामी हूँ लकिन यह कहने के लिए मुझे मेरी पत्नी की अनुमति की आवश्यकता होती है।’ - पूरी तरह अपनी पत्नी पर निर्भर। दो बच्चों का बाप। भारतीय जीवन बीमा निगम का पूर्णकालिक एजेण्ट। इस एजेन्सी के कारण धनपतियों की दुनिया में घूमने के बाद का निष्कर्ष कि पैसे से अधिक गरीब कोई नहीं। पैसा, जो खुद अकेले रहने को अभिशप्त तथा दूसरों को अकेला बनाने में माहिर। मेरा पता - ‘मित्र-धन’, 02 पत्रकार कॉलोनी, पोस्ट बॉक्स नम्बर-19, रतलाम - 457001 (मध्य प्रदेश) मोबाइल नम्बर - 098270 61799
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